ये बारिश कितनी प्यारी है, धरती की तपिश को बुझाती है |
धरती और बारिश के संगम से, दुनिया सुन्दर हो जाती है |
पौधों और जानवरों को भी, ये बारिश ही नहलाती है |
दुनियाँ में फैले धुंधलेपन को, ये बारिश ही तो साफ़ कराती है |
मेंढक और झींगुरों की आवाज़ों को, हम तक ये पहुँचाती है |
दुनिया में फैली हरियाली को, पास हमारे लाती है |
दुनिया कितनी सुन्दर है, इस बात का एहसास दिलाती है |
प्यार ही प्यार फ़ैलाने का, तरीका हमें सिखाती है |
नफ़रत भरी इस दुनिया में, प्यार का पाठ पढ़ाती है |
हर गर्मी को शीतलता से जीतो, कितनी प्यारी बात बताती है |
नफ़रत अपनी गर्मी से, दुनिया को केवल जलाती है |
प्यार की बारिश इस दुनिया में, दुश्मन को भी दोस्त बनाती है |
आओ हम सब इस बारिश की बूंदों जैसे बन जाएं |
नफ़रत से जलती इस दुनिया में प्यार की बारिश कर जाये |
इस प्यारे मौसम में, सबको बच्चा फिर से बनाते हैं |
बचपन की याद दिला कर के, प्यार ही प्यार फैलाते हैं |

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